हम वन के वासी, नगर जगाने आए | Hum Van Ke Vaasi Nagar Jagane Aaye Lyrics
हम वन के वासी, नगर जगाने आए – यह एक भावपूर्ण भजन है, जो माता सीता के त्याग, सम्मान और […]
हम वन के वासी, नगर जगाने आए – यह एक भावपूर्ण भजन है, जो माता सीता के त्याग, सम्मान और […]
कन्हैया तेरे साथ खड़ा भजन भक्त को श्री श्याम (कन्हैया/खाटू श्याम) पर पूर्ण विश्वास रखने का संदेश देता है। यह कहता
मेरी नैया भरोसे तुम्हारे पार तुमको लगानी पड़ेगी: यह भजन सिखाता है कि अपनी कोशिशों में लगे रहें, लेकिन अंतिम
महफ़िल है श्याम आपकी महफ़िल में आइये ज़रा : एक बेहद लोकप्रिय और भक्तिमय खाटू श्याम भजन है, जिसे राज
कृपा की नज़र श्याम मुझपे भी करदे: यह भजन भक्त और भगवान के बीच एक हृदयस्पर्शी संवाद है। भक्त पूरी
रिश्ता तू बना ले श्याम से: क्या आप जीवन की भाग-दौड़, निराशा और अकेलेपन से थक चुके हैं? क्या आप एक
हमारे साथ भोलेनाथ तो, किस बात की चिंता भजन पूर्ण समर्पण और अटूट विश्वास की भावना को व्यक्त करता है।
बरसां पाछे आज सजसी राम जी को द्वारो है – यह भजन सिर्फ़ एक गीत नहीं, बल्कि सदियों के इंतज़ार
सांवरिया ले चल परली पार भजन भक्त और भगवान के मधुर, आत्मीय और समर्पित संबंध को दर्शाता है। भक्त सांवरिया
लाज रखो गिरिधारी भजन प्रभु श्रीकृष्ण से शरणागत भाव में की गई प्रार्थना है। भक्त अपने मन की पीड़ा, भय
राणे वर रा काई पर्णीजूं : यह भजन मीरा की दिव्य भक्ति और उनके श्याम (कृष्ण) के प्रति समर्पण की
यह भजन “तू राधा तो बोल” एक सुंदर और प्रेरक कृष्ण भक्ति गीत है, जो मनुष्य को जीवन में भक्ति
थाली भरकर ल्याइै रै खीचड़ौ भजन खाटू श्याम बाबा के प्रति सच्चे प्रेम और आत्मीय भक्ति का एक सुंदर उदाहरण
भावों को सुनता है कुछ न कहता है : ह भजन खाटू श्याम बाबा की असीम कृपा, प्रेम और मौन
आया आया रे जन्मदिन खाटूवाले श्याम का : यह भजन खाटू श्याम बाबा के जन्मोत्सव (Birthday Celebration) पर समर्पित है।
हमे रास्तो की जरूरत नहीं है: यह भजन भक्ति, समर्पण और दिव्य अनुभूति का अद्भुत संगम है। भक्त इस गीत
तेरो खूब सज्यो श्रृंगार म्हानें प्यारो लागै: यह भजन खाटू श्याम बाबा (सांवरिया सेठ) को समर्पित एक अत्यंत भावपूर्ण और
हैप्पी बर्थडे बाबा सांवरिया: यह भजन हमारे प्यारे खाटू श्याम बाबा (सांवरिया सेठ) को समर्पित है। भक्त इस गीत के
जय माँ भगवती भवानी आरती भजन माँ जगदम्बा भवानी को समर्पित है, जिन्हें शक्ति, प्रेम और करुणा का प्रतीक माना
यह अत्यंत भावपूर्ण और भक्तिमय भजन “संसार समन्दर में डगमग मेरी नैया है” एक गहरे आत्मिक समर्पण और श्रीकृष्ण के