करुणामयी किरपामयी, मेरी दयामयी राधे लिरिक्स (Karunamayi kirpamayi meri dayamayi radhey bhajan lyrics in hindi)
यह अत्यंत सुंदर और भावपूर्ण भजन “करुणामयी किरपामयी मेरी दयामयी राधे” श्री राधारानी और श्यामा की अनंत करुणा, प्रेम और […]
यह अत्यंत सुंदर और भावपूर्ण भजन “करुणामयी किरपामयी मेरी दयामयी राधे” श्री राधारानी और श्यामा की अनंत करुणा, प्रेम और […]
यह अद्भुत और प्रेरणादायक भजन — “कलयुग जैसे जैसे गहराने लगा है, श्याम का निशान लहराने लगा है” — वर्तमान
यह अत्यंत सुंदर और भावपूर्ण भजन — “तेरे मोटे मोटे नैन कजरारे, मैं जाऊ तोपे बलिहारी” — एक भक्त का
यह अत्यंत मधुर और हृदयस्पर्शी भजन “साँवरिया ले चल परली पार” एक भक्त की अपने आराध्य श्रीकृष्ण (साँवरिया) से की
यह अत्यंत मधुर और भावपूर्ण भजन “राधा रानी हमारी सरकार, फिकर मोहे काहे की” श्री राधारानी की करुणा, कृपा और
यह अत्यंत सुंदर और भावपूर्ण भजन “तेरी गलियों का हूँ आशिक़, तू एक नगीना है” भगवान श्री श्याम (खाटू श्याम)
यह भजन “पंछी थारे पिंजरीये रा श्याम” अत्यंत भावनात्मक और भक्ति से परिपूर्ण रचना है, जिसे श्रद्धालु बाबा श्याम (खाटू
यह अत्यंत सुंदर और भावपूर्ण भजन “कन्हैया एक नज़र जो आज तुझको देखता होगा” भगवान श्रीकृष्ण की दिव्य सुंदरता, मोहकता
यह अत्यंत भावनात्मक और आत्मसमर्पण से भरा भजन “तड़पता है तेरा ये दास संभालो” श्याम बाबा के चरणों में एक
यह भजन “क्यों करे चिंता जब तू हारेगा” श्री श्याम प्रभु पर पूर्ण विश्वास और समर्पण का संदेश देता है।
यह भजन “मैं दो-दो माँ का बेटा हूँ” मातृत्व की महिमा और ईश्वर के मातृस्वरूप की अद्भुत झलक दिखाता है।
यह भजन “दुनिया ये छलावा है, कहीं तुम भी ना छल जाना” गहरी भक्ति और समर्पण का प्रतीक है। इसमें
यह सुंदर भजन “चालो चालो साथीड़ो खाटू धाम रे” खाटू श्याम जी की भक्ति और उनके दर्शन के महत्व का
यह सुंदर आरती “आरती कीजै हनुमान लला की” श्री हनुमान जी की वीरता, सेवा-भाव, शक्ति और कृपा का गुणगान करती
यह सुंदर गणेश वंदना/आरती है – “देवा लंबोदर गिरिजा नंदना”, जिसमें भक्त गणपति बप्पा से अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति और
यह सुंदर भजन/स्तुति “राधा रानी हमारी सरकार, फिकर मोहे काहे की” श्री राधारानी की करुणा, कृपा और सर्वोच्च पद का
यह भजन “मेरी सुन ले अरज बनवारी” एक अत्यंत भावुक और करुणा से भरी प्रार्थना है, जिसमें भक्त भगवान श्रीकृष्ण
यह भजन “अरे माखन की चोरी छोड़, साँवरे मैं समझाऊँ तोय” भगवान श्रीकृष्ण की नटखट माखन-चोरी लीलाओं का चंचल और
यह भजन/लोकगीत “तू टेढ़ा तेरी टेढ़ी रे नजरिया” भगवान श्रीकृष्ण की बाल-लीलाओं और उनकी नटखट अदाओं का मनमोहक चित्रण है।
यह भजन “बरसाने बजत बधाई, किरत ने लाली जाई” राधारानी के जन्मोत्सव (राधाष्टमी) के मंगल गीत के रूप में गाया